इस्लामाबाद । पाकिस्तान के बलूचिस्तान प्रांत की राजधानी क्वेटा के मीजान चौक के पास शुक्रवार को शिया समुदाय के जुलूस के दौरान हुए बम विस्फोट में 75 लोगों की मौत हो गई और 150 से अधिक लोग घायल हो गए। मृतकों की संख्या में इजाफा होने की आशंका जताई जा रही है। बम निरोधक दस्ता के अधिकारियों ने पुष्टि की कि आत्मघाती हमलावर द्वारा खुद को उड़ा लिए जाने के कारण विस्फोट हुआ।
अब तक 50 शवों को कंबाइंड मिलिटरी हॉस्पिटल तथा 20 शव सिविल अस्पताल में लाए गए हैं, जबकि बोलन मेडिकल कॉम्प्लेक्स में 5 शवों को लाया गया है। हादसे या मृतकों की कुल संख्या पर बात करने के लिए हालांकि कोई अधिकारी उपलब्ध नहीं हुआ। मरने वालों में आज टीवी का चालक मुहम्मद सरवर भी है, जबकि जुलूस के कवरेज के लिए गए कई कैमरामैन घायल हो गए।
पुलिस निर्देशों की हुई अनदेखी
शहर के पुलिस अधिकारियों ने बताया कि जुलूस में शामिल लोगों को मीरजान चौक पहुंचने से पहले तितर-वितर हो जाने के लिए कहा गया था, लेकिन उन्होंने इसे गंभीरता से नहीं लिया। उन्होंने बताया कि उग्र शियाओं ने घटना के बाद हवा में गोलियां चलाई तथा एक सरकारी इमारत में आग भी लगा दी। एक स्थानीय टीवी चैनल की डीएसएनजी वैन में भी आग लगाई गई, जिसकी खिड़कियों के शीशे चकनाचूर हो गए। क्वेटा के अस्पतालों में आपातकाल घोषित कर दिया गया है। जुम्मे की नमाज के बाद देशभर में शियाओं के जुलूस निकाले जाने की योजना थी, जिस कारण सुरक्षा बलों को आतंकी धमकियों के मद्देनजर पूरी तरह सचेत कर दिया गया था।
पेशावर भी दहला
पाकिस्तान के पश्चिमोत्तर इलाके में एक मस्जिद में हुए शक्तिशाली विस्फोट में दो लोगों की मौत हो गई और पेशावर शहर में शुक्रवार को पुलिस की एक व्ौन के निकट हुए बम विस्फोट में एक पुलिसकर्मी समेत तीन की मौत हो गई। पुलिस अधिकारियों ने बताया कि विस्फोट उस समय हुआ जब ख्ौबर-पख्तूनख्वा प्रांत के मरदान इलाके में अल्पसंख्यक अहमदी समुदाय के लोग इबादत कर रहे थे। विस्फोट में छह लोग घायल हो गए। यह बम विस्फोट रिमोट कंट्रोल की मदद से किया गया था।
|
|
|
|
|
|
|