इस फिल्म की शूटिंग के लिए यूनिट ने मुम्बई के बर्मा श्ौल क्लब की लोकेशन पर डेरा जमा रखा था। बारिश के मौसम के कारण शूटिंग तेजी से की जा रही थी। क्लब के स्वीमिंग पूल पर निर्देशक राज खोसला, नायक सुनील दत्त और खलनायक प्रेमनाथ पर दनादन शॉट पर शॉट फिल्मा रहे थे। उन दिनों प्रेमनाथ ने अपनी साधु-मंडली बनाई थी। इस मंडली में तीन साधु राज खोसला, प्रेमनाथ और सुनील दत्त ऎसे थे, जो पहली साधु श्रेणी में आते थे। राज खोसला और प्रेमनाथ जब भी साथ में शूटिंग करते, तो अपनी कारों में दो चीजें साथ रखते थे, एक हारमोनियम और दूसरी बीयर की बोतलें। नहले पे दहला की उस शूटिंग पर भी ये दोनों चीजें मौजूद थीं।
स्वीमिंग पूल पर इस शूटिंग के लिए दर्जनभर लड़कियां भी हिस्सा ले रही थीं। राज खोसला लड़कियों पर शॉट फिल्मा रहे थे कि बंूदा-बांदी शुरू हो गई। इसी समय प्रेमनाथ ने अपने आदमी को हुक्म दिया कि वह उनकी कार से बीयर की बोतलें ले आए। प्रेमनाथ शूटिंग से पहले मूड में आना चाहते थे। बीयर की बोतलें आते ही प्रेमनाथ ने मूड बनाना शुरू कर दिया और एक बोलत राज खोसला को भी पकड़ा दी। दो-तीन बोतलें जब पेट में उतर गई, तो प्रेमनाथ शूटिंग के बदले सिंगिंग के मूड में आ गए। उन्होंने फौरन अपनी कार में से हारमोनियम मंगवाया।
अब प्रेमनाथ के एक हाथ में बीयर की बोतल थी और दूसरे हाथ में हारमोनियम। उनकी उंगलियां हारमोनियम पर थिरकने लगीं और उन्होंने स्वर्गीय के.एल. सहगल के गीत गाने शुरू कर दिए। प्रेमनाथ और राज खोसला वास्तव में साधु-मंडली के खास सदस्य होने के साथ-साथ सहगल के दीवाने-भक्त भी थे। लिहाजा नहले पे दहला की लोकेशन पर शूटिंग के बदले अब संगीत की महफिल जमी और सजी थी। इस महफिल के कारण सुनील दत्त परेशान हो गए। चंूकि वे फिल्म के निर्माता भी थे, सो वे चिंता में पड़ गए कि शूटिंग के स्थान पर यह क्या शुरू हो गया, मगर वो बेबस थे और कुछ भी नहीं कर सकते थे।
शूटिंग के स्थान पर सिंगिंग का कार्यक्रम रंग पर आ रहा था। आधे घंटे के अंदर ही प्रेमनाथ और राज खोसला ने लोकेशन के पूरे वातावरण को संगीतमय बना दिया। बीयर के नशे में दोनों गायक अपने प्रिय गायक की याद में इस कदर भावुक हो गए कि जोर-जोर से रोने लगे। यह स्थिति हो गई कि जब राज खोसला गाते-गाते रोते, तो प्रेमनाथ हारमोनियम बजाने लगते और जब प्रेमनाथ रोते, तो राज खोसला हारमोनियम सम्भाल लेते।
जब कई घंटों तक यह रोना-गाना चलता रहा, तो सुनील दत्त समझ गए कि अब शूटिंग नहीं हो सकेगी। क्योंकि लोकेशन पर बारिश भी तेज हो चुकी थी। दिल ही दिल में रोते हुए सुनील दत्त को शूटिंग कैंसिल करनी पड़ी। शूटिंग कैंसिल कर वे दोनों गवैयों को उसी रोती-गाती हालत में छोड़ खुद भी घर चले गए।
उधर शूटिंग स्थल पर रोने-गाने का यह नजारा देखकर शूटिंग के सदस्य भी आनंद ले रहे थे। आसमान से तेज बारिश देखकर एक सदस्य ने चुटकी भी ली कि सहगल के चेलों को देखकर आसमान भी रोने लगा। जब रात होने लगी, तो दोनों गायक यानी प्रेमनाथ और राज खोसला, राज के घर जाकर जम गए और रोने-गाने-पीने की यह महफिल रातभर चलती रही।
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