जयपुर । प्रदेश में शुक्रवार को फिर कुछ इलाकों में मेघ मेहरबान हुए। भीलवाड़ा, कोटा, उदयपुर, राजसमंद और चित्तौड़गढ़ सहित कुछ क्षेत्रों में झमाझम हुई, जिससे मौसम सुहाना हो गया। भीलवाड़ा के बिजौलिया कस्बे में 91 मिमी बारिश दर्ज की गई। वहीं उदयपुर में एक इंच बारिश हुई। मौसम विभाग ने प्रदेश के ज्यादातर इलाकों विशेषकर दक्षिण-पूर्वी हिस्से में बारिश की संभावना जताई है।
गुलाबीनगर में शुक्रवार को बादल तो उमड़े, लेकिन बरसे नहीं। दिनभर उमस ने लोगों को बेहाल रखा। रात तक उमस का जोर रहा। शहर में सापेक्षिक आर्द्रता 97 प्रतिशत रही। उमस के बावजूद शहर के अधिकतम पारे में 0.4 डिग्री की गिरावट आई। तापमान 33.8 डिग्री दर्ज किया गया। शहर में सुबह 8:30 बजे तक 0.4 मिमी बारिश दर्ज की गई। वहीं बीती रात न्यूनतम पारा 2.6 डिग्री के उछाल के साथ 28 डिग्री पर पहुंच गया। पाली, जालोर, सिरोही में दिनभर गर्मी का असर रहा।
यहां बरसे मेघ
बिजौलिया कस्बे में में मूसलाधार बरसात हुई। उदयपुर और राजसमंद मेघ जमकर बरसे। श्रीगंगानगर में करीब पौन घंटे में 12 मिमी बारिश हुई। हनुमानगढ़ में कुछ देर छींटे गिरे। अजमेर के रूपनगढ़ कस्बे में पौन घंटे झमाझम हुई। राशमी क्षेत्र में दोपहर बाद बारिश हुई। चित्तौड़गढ़ शहर तथा निम्बाहेड़ा में शाम को मूसलाधार हुई। बीकानेर में दिनभर गर्मी के बाद शाम को बारिश से राहत मिली। कोटा, बारां और झालावाड़ में कई जगह अच्छी बरसात हुई।
पिछले साल से ज्यादा बारिश
गुलाबीनगर में पिछले साल की अपेक्षा 83 मिमी बारिश ज्यादा हुई है। हालांकि यह सामान्य से साढ़े तीन प्रतिशत कम है। शहर में एक जून से 29 जुलाई तक 237 मिमी बारिश हुई है, जबकि पिछले वर्ष केवल 154 मिमी बारिश हुई थी। जयपुर संभाग स्तर पर तुलना की जाए तो अब तक संभाग में 232 मिमी बारिश हुई है, जबकि सामान्य बारिश 224 मिमी है। उधर प्रदेश में भी एक जून से 29 जुलाई तक सामान्य से 13 प्रतिशत बारिश कम हुई है। सामान्य वर्षा 239 मिमी है, लेकिन प्रदेश में 208 मिमी बारिश हुई है।
केवल 18 बांधों में पानी आया
मानसून कमजोर पड़ने के साथ ही बांधों में पानी की आवक धीमी पड़ गई है। शुक्रवार को 18 बांधों में ही पानी आया। मात्र दो ही बांधों में जलस्तर 1 मीटर तक बढ़ा, शेष में आधा मीटर से कम पानी आया।
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